नीतिवचन 25:10
ऐसा न हो कि सुननेवाला तेरी भी निन्दा करे, और तेरी निन्दा बनी रहे।
चुगली करने से आपकी प्रतिष्ठा धूमिल हो सकती है। फिर भी पराये का भेद खोलने के इरादे से चुगली करना बहुत ही आसान है। बुद्धिमान जान लेंगे कि आप एक दुष्ट व्यक्ति हैं, और आपको डांटेंगे, और आप लज्जित और कलंकित हो जाएँगे। इस नीतिवचन का सबक बिलकुल सरल है:
दूसरों के बारे में आलोचनात्मक या नकारात्मक बातें न करें; समाचार या अफवाहें न फैलाएं; किसी की निंदा न करें। दूसरों का भेद खोलना एक घिनौना पाप है, और यह आपकी प्रतिष्ठा को स्थायी रूप से हमेशा के लिए कलंकित कर सकता है।
25:10 एक पुरे नीतिवचन का आधा हिस्सा है। पहला हिस्सा नीतिवचन 25:9 है जहाँ लिखा है, “अपने पड़ोसी के साथ वादविवाद एकान्त में करना, और पराये का भेद न खोलना।” भले मनुष्य केवल उस व्यक्ति के साथ अपने मतभेदों या अपराधों पर चर्चा करते हैं जिनसे वे सम्बंधित हैं, दूसरों के साथ नहीं जिनका मसले के साथ कोई लेना देना नहीं होता। यदि आप किसी के साथ अपने मतभेदों या झगड़े की चर्चा असंबंधित लोगों से करते हैं, तो वे असंबंधित दूसरे लोग जान जाएंगे कि आप एक नफ़रत से भरे, दुर्भावनापूर्ण और दुष्ट व्यक्ति हैं।
यीशु मसीह ने भी भक्ति और बुद्धि के इसी नियम की शिक्षा दी। उसने कहा, “यदि तेरा भाई तेरे विरुद्ध अपराध करे, तो जा और अकेले में बातचीत करके उसे समझा” (मत्ती 18:15)। यदि आप किसी दूसरे के अपराध को नज़रअंदाज़ नहीं कर सकते हैं, तो जाकर उसे उसकी गलती बताएं। समस्या के बारे में दूसरों को बताने के बजाय जाकर उसे अकेले में बात करे। यह नियम स्पष्ट और परम है।
जब आपको किसी से कोई समस्या होती है, तो दूसरों को इसके बारे में बताना क्रूर और निंदनीय है। आप ऐसा दूसरे पक्ष को बदनाम करने और उसे चोंट पहुँचाने के लिए करते हैं और अपने लिए सहानुभूति प्राप्त करते हैं। आप दूसरे व्यक्ति की प्रतिष्ठा को ठेस पहुँचाना चाहते हैं और अपनी प्रतिष्ठा को बढ़ाना चाहते हैं। स्वर्ग का पवित्र परमेश्वर ऐसे इरादों और कार्यों को हत्या मानता है (मत्ती 5:21-26)। खबरदार!
आपको अपने विवादों और अपराधों को केवल अपने और अपने विरोधी के बीच है। यदि आप उनके बारे में दूसरों को बताते हैं, तो इसे चुगली करना कहा जाता है। बाइबल में इसे चुगली करना, दूसरे का भेद खोलना, गपशप करना और फुसफुसाहट करना कहा गया है। ये भयानक पाप हैं जिनसे परमेश्वर घृणा करता है। यदि आप किसी मसले को लेकर झूठ बोलते हैं, तो उसे बदनामी करना भी कहा जाता है। ये पाप परमेश्वर की दृष्टि में घिनौने हैं, फिरे चाहे ये पाप आज कितने भी लोकप्रिय क्यों न हो, और इनके विरोध में प्रचार किया जाता हो या न हो।
धर्मी पुरुष दूसरों के साथ इस बुरे व्यवहार को तुच्छ समझते हैं, और वे ऐसा करने वाले को तुच्छ जानेंगे। वे दूसरों के बारे में चुगली करने वालों को गुस्से से डाँटेंगे। ऐसा करना कर्तव्य है। सुलैमान ने लिखा, “जैसे उत्तरी वायु वर्षा को लाती है, वैसे ही चुगली करने से मुख पर क्रोध छा जाता है” (नीतिवचन 25:23)। यह भयानक है कि जो लोग ज्यादा बुद्धिमान हैं वे चुगली करने वालों, दूसरों के भेद खोलने वालों, कानाफूसी करने वालों, और गपशप करने वालों को अपनी क्रोधपूर्ण डाँट-फटकारों से लज्जित नहीं करते (लैव 19:17; 1 थिस्स 5:14)।
नीतिवचन और उनकी व्याख्या हर दिन मुफ़्त पाएँ। चैनल खोलें, “फ़ॉलो करें” पर टैप करें और नोटिफ़िकेशन की घंटी चालू करें।